Navratri 2025: नवरात्रि व्रत में डायबिटीज मरीज क्या खाएं? जानें आयुर्वेद और साइंस की सुरक्षित गाइडलाइन

Navratri 2025:नवरात्रि का पावन पर्व भक्तों के लिए आस्था और ऊर्जा से भरपूर समय होता है। मां दुर्गा के नौ रूपों की साधना के साथ नौ दिनों का व्रत रखने की परंपरा है।

लेकिन डायबिटीज से पीड़ित लोगों के लिए व्रत रखना अक्सर एक चुनौती बन जाता है।

भूखा रहने से ब्लड शुगर लेवल बिगड़ने का खतरा रहता है, इसलिए कई मरीज व्रत रखने से पीछे हट जाते हैं। आयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान दोनों ही मानते हैं कि डायबिटीज मरीज अगर कुछ सावधानियां बरतें तो सुरक्षित रूप से व्रत कर सकते हैं।

आयुष मंत्रालय और आयुर्वेदाचार्यों का मानना है कि व्रत केवल भूखे रहने का नाम नहीं, बल्कि यह शरीर को डिटॉक्स करने और पाचन तंत्र को आराम देने का माध्यम है।

डायबिटीज मरीजों के लिए जरूरी है कि लंबे समय तक खाली पेट न रहें। हर दो से तीन घंटे में कुछ पौष्टिक और कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स वाले खाद्य पदार्थ खाते रहें ताकि ब्लड शुगर अचानक न गिरे।

व्रत में समा के चावल, कुट्टू या राजगिरा का आटा, उबली शकरकंद, मखाने और पनीर बेहतरीन विकल्प हैं। ये धीरे-धीरे पचते हैं और ब्लड शुगर को नियंत्रित रखते हैं।

साथ ही पर्याप्त मात्रा में पानी पीना बेहद जरूरी है। डिहाइड्रेशन डायबिटीज मरीजों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है, इसलिए नारियल पानी, नींबू पानी (बिना चीनी) और छाछ का सेवन करें।

आजकल व्रत में तली-भुनी चीजें और मिठाइयां आम हो गई हैं, लेकिन डायबिटीज मरीजों को इनसे बचना चाहिए। बेहतर है कि उबली या हल्की भुनी हुई चीजें खाएं और चीनी की जगह स्टीविया या गुड़ जैसे प्राकृतिक विकल्प अपनाएं।

आयुर्वेद व्रत को शरीर और आत्मा की शुद्धि का साधन मानता है। इस दौरान अपनी दवाइयां समय पर लेना न भूलें। यदि आप इंसुलिन पर हैं या कोई विशेष दवा ले रहे हैं, तो व्रत शुरू करने से पहले डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

Shri Mi

पत्रकारिता में 8 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ राजनैतिक खबरों पर पैनी नजर

Related Articles